MP Police Smriti Diwas 2026: CM मोहन यादव की बड़ी घोषणा, शहीद की पत्नी और माता-पिता को मिलेगी 50-50% अनुग्रह राशि
MP Police Smriti Diwas 2026 पर CM मोहन यादव की घोषणा। शहीद पुलिसकर्मियों की अनुग्रह राशि का 50% पत्नी और 50% माता-पिता को मिलेगा।
MP Police Smriti Diwas: शहीद की पत्नी-माता-पिता को 50-50% राशि
Bhopal: मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर शहीद पुलिसकर्मियों के परिवारों के लिए महत्वपूर्ण घोषणा की है। अब शहीद पुलिसकर्मियों को मिलने वाली अनुग्रह राशि का 50 प्रतिशत हिस्सा उनकी पत्नी और शेष 50 प्रतिशत हिस्सा माता-पिता को दिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने बुधवार, 21 अक्टूबर को भोपाल के लाल परेड ग्राउंड में आयोजित राज्य स्तरीय पुलिस स्मृति दिवस परेड समारोह-2026 में यह घोषणा की।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने शहीद स्मारक पर पुष्पचक्र अर्पित कर कर्तव्य निर्वहन के दौरान अपने प्राणों का बलिदान देने वाले पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मियों का साहस, समर्पण और बलिदान देश तथा प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था की मजबूत नींव है।

शहीद पुलिसकर्मियों के परिवारों को मिलेगी अनुग्रह राशि
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि शहीद पुलिसकर्मियों के परिवारों की देखभाल करना सरकार की जिम्मेदारी है। इसी उद्देश्य से अनुग्रह राशि के वितरण में बदलाव की घोषणा की गई है। इसके तहत कुल राशि का आधा हिस्सा शहीद की पत्नी और आधा हिस्सा उनके माता-पिता को दिया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने पुलिसकर्मियों के प्रमोशन और नई भर्तियों के प्रति भी सरकार की प्रतिबद्धता दोहराई। उन्होंने कहा कि पुलिस बल को साइबर अपराध और ड्रग तस्करी जैसी उभरती चुनौतियों से निपटने के लिए लगातार तैयार रहना होगा।


लाल परेड ग्राउंड में शहीद जवानों को दी श्रद्धांजलि
भोपाल में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री ने परेड की सलामी ली और शहीदों की सम्मान सूची प्राप्त की। इसके बाद शहीद वेदी पर पुष्पचक्र अर्पित कर पुलिस बल के उन सदस्यों को नमन किया, जिन्होंने कर्तव्य निभाते हुए अपने प्राण न्योछावर किए।
समारोह में जिला पुलिस बल, विशेष सशस्त्र बल की महिला और पुरुष प्लाटून, होमगार्ड, पुलिस बैंड, अश्वारोही दल और श्वान दल सहित विभिन्न इकाइयों ने हिस्सा लिया। देशभक्ति की धुनों के बीच शहीद पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि अर्पित की गई।
मुख्यमंत्री ने कहा कि 21 अक्टूबर 1959 के ऐतिहासिक बलिदान की स्मृति में पुलिस स्मृति दिवस मनाया जाता है। उन्होंने पुलिस और सशस्त्र बलों की भूमिका को राष्ट्र की सुरक्षा, शांति और सामाजिक व्यवस्था के लिए महत्वपूर्ण बताया।
पुलिस जवानों ने अपनी दक्षता, साहस और कर्तव्यनिष्ठा से मध्यप्रदेश का गौरव बढ़ाया है। प्रदेश को नक्सलमुक्त बनाने में हमारे जवानों ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। अब हम साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने और नशामुक्त मध्यप्रदेश की दिशा में दृढ़ संकल्प के साथ आगे बढ़ रहे हैं : CM @DrMohanYadav51 @mohdept #CMMadhyaPradesh #Bhopal
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) October 21, 2026
मध्यप्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ अभियान का किया जिक्र
अपने संबोधन में मुख्यमंत्री ने मध्यप्रदेश में नक्सलवाद के खिलाफ चलाए गए अभियानों का उल्लेख किया। उन्होंने कहा कि प्रदेश ने लंबे समय तक नक्सलवाद की चुनौती का सामना किया और पुलिस जवानों ने साहस तथा समर्पण के साथ इसमें महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।
मुख्यमंत्री ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के नेतृत्व का उल्लेख करते हुए नक्सलवाद के खिलाफ मिली सफलता को महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया। उन्होंने सुरक्षा बलों के योगदान को याद करते हुए कहा कि जवानों का समर्पण देश की एकता और आंतरिक सुरक्षा के लिए प्रेरणास्रोत है।
पुलिस बल की भूमिका को बताया महत्वपूर्ण
21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस का यह दिन कर्तव्य निर्वहन के दौरान अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर पुलिसकर्मियों के शौर्य और साहस को पूरे देश में स्मरण किया जाता है। मध्यप्रदेश को नक्सलमुक्त बनाने में हमारे पुलिसकर्मियों का योगदान सराहनीय एवं अभिनंदनीय है। देश की सुरक्षा और समाज की शांति के लिए अपने कर्तव्यों का निर्वहन करते हुए शहीद हुए वीर पुलिसकर्मियों को मैं विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता हूं : CM @DrMohanYadav51 @mohdept #CMMadhyaPradesh #Bhopal
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) October 21, 2026
मुख्यमंत्री ने कहा कि देश की आंतरिक सुरक्षा, कानून-व्यवस्था और सामाजिक शांति बनाए रखने में पुलिस बल की भूमिका अहम है। उन्होंने पुलिसकर्मियों के बलिदान को याद करते हुए कहा कि उनकी सेवाओं से प्रदेश और देश गौरवान्वित होता है।
उन्होंने यह भी कहा कि बदलते समय के साथ पुलिस के सामने साइबर अपराध और नशीले पदार्थों की तस्करी जैसी चुनौतियां बढ़ रही हैं। इनसे निपटने के लिए पुलिस बल को दक्षता, तकनीक और प्रशिक्षण के स्तर पर मजबूत बनाना जरूरी है।
कर्तव्य की राह में सर्वोच्च बलिदान, वीर पुलिसकर्मियों को शत-शत प्रणाम मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने ‘पुलिस स्मृति दिवस’ के अवसर पर भोपाल के लाल परेड मैदान में आयोजित ‘स्मृति दिवस परेड समारोह 2026’ में सहभागिता की। इस अवसर पर पुलिस बल द्वारा मुख्यमंत्री जी को परेड की सलामी दी गई। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कर्तव्य निर्वहन के दौरान अपने प्राणों का बलिदान देने वाले वीर पुलिसकर्मियों को पुष्पचक्र अर्पित कर श्रद्धांजलि दी और उनके अदम्य साहस, शौर्य एवं सर्वोच्च बलिदान का स्मरण किया। @DrMohanYadav51 @mohdept #CMMadhyaPradesh #Bhopal
— Chief Minister, MP (@CMMadhyaPradesh) October 21, 2026
DGP कैलाश मकवाणा ने शहीदों के परिवारों के प्रति जताई संवेदना
पुलिस महानिदेशक कैलाश मकवाणा ने समारोह में कहा कि पुलिस सेवा केवल नौकरी नहीं, बल्कि जिम्मेदारी, समर्पण और त्याग का संकल्प है। उन्होंने कर्तव्य निर्वहन के दौरान बलिदान देने वाले पुलिसकर्मियों को याद करते हुए उनके परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
DGP ने मध्यप्रदेश पुलिस के गौरवशाली इतिहास का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों ने देश के विभिन्न हिस्सों में सेवाएं दी हैं। उन्होंने शहीदों के परिवारों की देखभाल को पुलिस विभाग की नैतिक जिम्मेदारी बताया।
पुलिस स्मृति दिवस समारोह में शहीदों को श्रद्धांजलि देने के साथ उनके परिवारों के कल्याण, पुलिस बल की चुनौतियों और भविष्य की जरूरतों पर भी जोर दिया गया।
