Jamia Millia Islamia: जामिया में 10 नवंबर से फिर गूंजेगी पढ़ाई की आवाज, ऑफलाइन मोड में लौटेंगी कक्षाएं

छात्र आंदोलन खत्म होने के बाद जामिया में 10 नवंबर से ऑफलाइन कक्षाएं फिर शुरू होंगी। यूनिवर्सिटी ने मिड-टर्म परीक्षाओं का शेड्यूल भी जारी कर दिया है।

Jamia Millia Islamia: जामिया में 10 नवंबर से फिर गूंजेगी पढ़ाई की आवाज, ऑफलाइन मोड में लौटेंगी कक्षाएं

जामिया मिल्लिया इस्लामिया में कई दिनों से जारी छात्र आंदोलन के बाद अब कैंपस में पढ़ाई का माहौल फिर लौटने जा रहा है। यूनिवर्सिटी प्रशासन ने 10 नवंबर से ऑफलाइन कक्षाएं शुरू करने का फैसला लिया है। इसके बाद छात्र एक बार फिर कैंपस पहुंचकर पहले की तरह अपनी पढ़ाई जारी रख सकेंगे।  छात्र अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे थे और कुछ छात्र भूख हड़ताल पर भी बैठे थे। इस बीच यूनिवर्सिटी प्रशासन ने ऑनलाइन क्लासेस चलाने का आदेश जारी किया था। अब रजिस्ट्रार प्रोफेसर मोहम्मद महताब आलम रिजवी की ओर से जारी नए आदेश में ऑफलाइन कक्षाएं शुरू करने की तारीख के साथ मिड-टर्म परीक्षाओं का शेड्यूल भी दिया गया है।

जामिया ने जारी किया मिड-टर्म परीक्षा का शेड्यूल

जामिया में 10 नवंबर से ऑफलाइन कक्षाएं शुरू होने के बाद अब छात्रों को परीक्षाओं की तैयारी भी करनी होगी। यूनिवर्सिटी प्रशासन के मुताबिक, मिड-टर्म परीक्षाएं 16 नवंबर से शुरू होकर 21 नवंबर तक चलेंगी। इसके लिए सभी विभागों के डीन और विभागाध्यक्षों को जरूरी निर्देश दिए गए हैं। उन्हें यह सुनिश्चित करने को कहा गया है कि कक्षाएं और परीक्षाएं तय समय पर सुचारू रूप से आयोजित हों। साथ ही, छात्रों की उपस्थिति का पूरा रिकॉर्ड भी रखा जाए।

छात्रों की मांगों पर झुका जामिया प्रशासन? सहमति के बाद धरना समाप्त

जामिया मिल्लिया इस्लामिया में पिछले कई दिनों से जारी छात्रों का आंदोलन आखिरकार खत्म हो गया है। छात्रसंघ चुनाव समेत अपनी विभिन्न मांगों को लेकर छात्र भूख हड़ताल और धरने पर बैठे थे। उनकी सबसे प्रमुख मांग छात्रसंघ चुनाव कराना था, जो साल 2006 के बाद से नहीं हुए हैं। कई दौर की बातचीत के बाद छात्रों और यूनिवर्सिटी प्रशासन के बीच सहमति बन गई। इसके बाद दो दिन पहले छात्रों ने अपना धरना समाप्त कर दिया। यूनिवर्सिटी प्रशासन ने छात्रसंघ का संविधान लागू करने का आदेश भी जारी कर दिया है। इससे करीब 20 साल से लंबित छात्रसंघ चुनाव का रास्ता साफ होने की उम्मीद है। वहीं, छात्रों की अन्य मांगों पर भी प्रशासन के साथ बातचीत हुई है।

दोषियों पर कार्रवाई की मांग, शिक्षकों ने उठाई आवाज

जामिया के शिक्षकों ने यूनिवर्सिटी की दीवारों पर आपत्तिजनक और देशविरोधी नारे लिखने वालों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की है। इसके अलावा, परिसर में तोड़फोड़ करने वालों पर भी कार्रवाई करने की मांग उठाई गई है। शिक्षकों का कहना है कि यह मामला यूनिवर्सिटी के आंतरिक विवाद से जुड़ा है, इसलिए इसे किसी की जीत या हार के रूप में देखना सही नहीं है। उनके मुताबिक, इस पूरे मामले को आपसी सहमति और बातचीत के जरिए सुलझाने की जरूरत है।