MP Weather Update: तूफान अर्नब का असर कम, फिर भी नहीं थमी बारिश; 28 जिलों में येलो अलर्ट

MP Weather Update: मध्य प्रदेश में बारिश, आंधी और बिजली गिरने का अलर्ट जारी. ग्वालियर-चंबल समेत कई संभागों में तापमान गिरा, किसानों की बढ़ी चिंता.

MP Weather Update: तूफान अर्नब का असर कम, फिर भी नहीं थमी बारिश; 28 जिलों में येलो अलर्ट

MP Weather Update: तूफान अर्नब का असर कम होने के बावजूद मध्य प्रदेश के मौसम में राहत मिलती नजर नहीं आ रही है. राज्य के कई हिस्सों में मौसम की बेरुखी लगातार बरकरार है. ग्वालियर, जबलपुर, रीवा और शहडोल संभागों समेत प्रदेश के तमाम जिलों में गरज-चमक, आकाशीय बिजली और तेज हवाओं के साथ बारिश का दौर जारी है, जिससे आम जनजीवन के साथ-साथ कृषि सेक्टर पर भी गहरा संकट खड़ा हो गया है. इस बेमौसम बरसात और तेज आंधी के कारण खेतों में पककर तैयार खड़ी धान की फसल और खुले आसमान के नीचे मंडियों में रखे अनाज को भारी क्षति पहुंच रही है, जिससे अन्नदाता की चिंताएं काफी बढ़ गई हैं. 

तापमान में भारी गिरावट, ठिठुरन बढ़ी

अचानक बदले इस मौसम और झमाझम बारिश के चलते तापमान में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे प्रदेशभर में ठंड का अहसास अचानक बढ़ गया है. मौसम विभाग के अनुसार, पिछले 24 घंटों के दौरान ग्वालियर और चंबल संभागों के जिलों में अधिकतम तापमान में 6.2 से 6.6 डिग्री सेल्सियस तक की भारी और उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है. इसके अलावा भोपाल, इंदौर, उज्जैन और सागर संभाग के जिलों में भी तापमान 2.7 से 3.6 डिग्री सेल्सियस तक नीचे लुढ़क गया है. मौसम वैज्ञानिकों का अनुमान है कि आगामी 2 नवंबर तक मध्य प्रदेश में मौसम का यह मिला-जुला और सर्द मिजाज ऐसा ही बना रहेगा. 

इन जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश का 'येलो अलर्ट'

मौसम विभाग ने अपनी ताजा चेतावनी जारी करते हुए अगले 24 घंटों के लिए मध्य प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश और आंधी का येलो अलर्ट घोषित किया है. सिंगरौली, सीधी, रीवा, मऊगंज, सतना, अनूपपुर, शहडोल, उमरिया, डिंडोरी, कटनी, जबलपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी, मैहर और पांढुर्ना जिले. अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना और श्योपुर जिले. इन क्षेत्रों में बादलों की गडग़ड़ाहट के साथ 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार, कल यानी पहली नवंबर को भी छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, मैहर और पांढुर्णा जिलों के कुछ चुनिंदा हिस्सों में गरज-चमक के साथ बारिश का दौर जारी रह सकता है, जिसके लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है. 

पिछले 24 घंटों में कहां-कहां बरसा पानी?

बीते 24 घंटों के दौरान राज्य के मौसम में व्यापक बदलाव देखा गया. रीवा और सागर संभाग के अधिकांश स्थानों पर तथा ग्वालियर, चंबल और शहडोल संभाग के कुछ हिस्सों में झमाझम बारिश दर्ज की गई। इसके अतिरिक्त, राजधानी भोपाल, नर्मदापुरम और जबलपुर संभाग के भी कुछ इलाकों में इक्का-दुक्का स्थानों पर गरज-चमक के साथ बौछारें पड़ीं. 

बंगाल की खाड़ी में सक्रिय हो रहा नया मौसमी सिस्टम

स्थानीय स्तर पर सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ और नमी के अलावा, देश के दूसरे हिस्सों में भी मौसम बड़ी करवट ले रहा है. मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि दक्षिण-पूर्वी बंगाल की खाड़ी के ऊपर एक और नया मौसमी सिस्टम आकार ले रहा है, जो लगातार मजबूत होकर एक गंभीर कम दबाव के क्षेत्र (Low Pressure Area) में तब्दील हो सकता है. इस नए सिस्टम के आगामी 2 नवंबर तक आंध्र प्रदेश के तट की ओर आगे बढ़ने की प्रबल संभावना है. इसके प्रभाव से दक्षिण भारत के कई राज्यों में भारी से अत्यधिक भारी बारिश होने की आशंका जताई गई है, जिसका अप्रत्यक्ष असर देश के अन्य हिस्सों के मौसम पर भी देखने को मिल सकता है.